Tuesday, 6 December 2016

6 dec - सपा में टिकट को लेकर फिर छिड़ सकता है संग्राम

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- शिवपाल, राम गोपाल के दावों से टिकट चाहने वालों में फिर बढ़ी बेचैनी
- शिवपाल बोले- विधायकों के क्षेत्र में चल रहा सर्वे, राम गोपाल ने कहा- टिकट पर मैं लगाऊंगा मुहर
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परवेज अहमद, लखनऊ : समाजवादी परिवार में कुछ दिनों से थमा 'महासंग्रामÓ टिकट बंटवारे पर फिर मुखर हो सकता है। इससे नये दावेदारों, विधायकों और कुछ मंत्रियों में भी सियासी भविष्य को लेकर बेचैनी फैल रही है।
सपा अध्यक्ष मुलायम सिंह यादव ने परिवार का महासंग्राम थामने का जब भी प्रयास किया, टिकट बंटवारे में अधिकार का मुद्दा उठा। मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने उसी समय कहा था कि 'इम्तहान मेरा है, टिकट बंटवारे का अधिकार भी मुझे चाहिएÓ। वह यहां तक कह गये थे कि 'नेताजी (मुलायम सिंह यादव) चाहें तो सब कुछ ले लें मगर टिकट बांटने का हक नहीं लेंÓ। शीर्ष नेतृत्व ने इसे समझा और टिकट बंटवारे में अखिलेश यादव को वरीयता का संकेत दिया। सूत्रों का कहना है कि मुलायम ने प्रदेश अध्यक्ष शिवपाल यादव को अखिलेश यादव से राय-सलाह कर टिकट बांटने का इशारा किया था, जिसके बाद शिवपाल ने सबसे चर्चा कर टिकट बांटे जाने की बात कई बार दोहराई। मगर, सोमवार को शिवपाल ने कहा कि 165 टिकट फाइनल कर दिये हैं। मौजूदा विधायकों के बारे में विचार चल रहा है। हर विधानसभा की अपनी समस्याएं होती है। उन्हें पूरा न कर पाने पर लोग नाराज होते हैं। मौजूदा विधायकों, मंत्रियों के क्षेत्रों में सर्वे चल रहा है। इसी आधार पर टिकटों का वितरण होगा, जिताऊ-टिकाई को ही टिकट मिलेगा।
प्रदेश अध्यक्ष के रूप में शिवपाल यादव की इन बातों में ढेरों विधायकों के टिकट कटने का संकेत था। 40 विधायकों के टिकट कटने की चर्चा पार्टी में लंबे समय से है। यह भी आम चर्चा है कि कई विधायक दूसरे दलों के संपर्क में हैं। आदर्श आचार संहिता लागू होने के बाद वे दूसरे दलों का दरवाजा खटखटा सकते हैं। इन परिस्थितियों में उन विधायकों में ज्यादा बेचैनी है, जिन्हें संगठन, शीर्ष नेतृत्व से ज्यादा एक राष्ट्रीय महासचिव करीबी कहा जाता है। संभवत: इन्ही परिस्थितियों को भांपकर प्रो. राम गोपाल यादव ने सोमवार को इटावा में दो टूक कहा कि विधानसभा चुनाव में टिकट वितरण में उनकी अहम भूमिका होगी। टिकट पर फैसला संसदीय बोर्ड करता है, जिस पर अंतिम मुहर उन्हीं की लगेगी। इस बयान ने कुछ दावेदारों को जहां खुश किया है, वहीं तमाम लोगों को बेचैन भी किया है।
सपा सूत्रों का कहना है कि अखिलेश-शिवपाल के बीच मतभेद 'बाहरीÓ दखल से गहराया और फायदा उन्होंने उठाया जिनका 'बाहरीÓ लोगों से छत्तीस का आकड़ा था। सूत्रों का कहना है कि अब जो परिस्थितियां दरपेश है कि उसमें अगर मुलायम सिंह यादव ने समय रहते दखल नहीं दिया तो ठंडा हो गया महासंग्राम फिर शुरू होने से इन्कार नहीं किया जा सकता है।
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टिकट वितरण में अंतिम मुहर मेरी : प्रो. रामगोपाल
-नोटबंदी से पूरा देश परेशान
 इटावा : समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव प्रो. रामगोपाल यादव ने सोमवार को यहां कहा कि उत्तर प्रदेश के चुनाव में पार्टी में टिकट वितरण में उनकी अहम भूमिका होगी। टिकट का अंतिम फैसला संसदीय बोर्ड करता है और उस पर अंतिम मुहर उन्हीं की लगेगी।
प्रदेश में चुनाव आगे बढऩे के सवाल पर उन्होंने कहा कि चुनाव आयोग जब चाहेगा चुनाव हो जाएंगे। कांग्रेस से गठबंधन पर वह कुछ नहीं बोलेंगे। इस पर नेता जी मुलायम ङ्क्षसह यादव ही बोल सकते हैं।
रामगोपाल ने कहा कि नोटबंदी के कारण पूरे देश में त्राहि-त्राहि मची है। बड़ी-बड़ी कंपनियों का कारोबार ठप हो गया है। लोगों को सर्दी के कपड़े उपलब्ध नहीं हो रहे हैं। मजदूर काम न होने के कारण घर लौट रहे हैं। इससे देश में कुछ दिन बाद अव्यवस्था फैलेगी और देश 10 साल पीछे हो जाएगा।
उन्होंने कहा कि मोदी सरकार के महिलाओं को 500 ग्राम व पुरुषों को 100 ग्राम सोना रखने के फैसले का गुस्सा आयकर विभाग को झेलना पड़ सकता है। कहीं ऐसा न हो इस फैसले से नाराज लोग इन पर हमला कर दें, क्योंकि हमारे देश में जेवर औरतों का गहना है और इसे लोग उपहार स्वरूप भी भेंट करते हैं।
उन्होंने तमिलनाडु की मुख्यमंत्री जयललिता के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना करते हुए कहा कि वह तमिलनाडु की लोकप्रिय नेता हैं। ईश्वर उन्हें शीघ्र ठीक करे।

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सत्ता में लौटे तो हर गरीब को घर : अखिलेश
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- शादी अनुदान योजना की राशि 10 हजार से बढ़कर 20 हजार
- घोषणा पत्र में शमिल होगा सबको घर और पेंशन का वादा
 लखनऊ : मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने विरोधियों पर हमले के साथ अब जनता को भविष्य के ख्वाब दिखाने शुरू कर दिये हैं। उन्होंने कहा कि समाजवादी सत्ता में लौटे तो हर गरीब को घर मुहैया कराया जाएगा। वह गांव में या फिर शहर में रहता हो। चुनावी घोषणा पत्र में यह वादा शामिल रहेगा। प्रत्येक गरीब महिला को समाजवादी पेंशन भी मिलेगी।
मुख्यमंत्री ने सोमवार को सरकारी आवास पर पुत्रियों की शादी अनुदान योजना की राशि दस हजार से बढ़कर 20 हजार करने का एलान किया। दस बेटियों, उनके पति व माता-पिता को सम्मानित किया। फिर भाजपा व बसपा को कटघरे खड़ा करते हुए सवाल किया कि इन दोनों ने जनता को क्या दिया। उन्होंने सपा सरकार को जनता का धन जनता को लौटाने वाली बताया। कहा, शादी अनुदान योजना की राशि ऑनलाइन ट्रांसफर हो रही है। दो लाख आवेदकों को अनुदान दिया जाना है, जिससे अप्रत्यक्ष रूप से चार लाख परिवारों को लाभ होगा।
अखिलेश ने कहा कि बसपा ने पांच साल में जनता के लिए कुछ किया नहीं, हाथी जरूर खड़े किये। भाजपा विकास पर ध्यान देने के स्थान पर जनता को लाइन में खड़ा कर रही है। अर्थ व्यवस्था को पीछे कर दिया है। नोटबंदी से गरीबों को जो कष्ट हुआ है, वह चुनाव में उसका बदला लेगी। केंद्र सरकार के पास बताने के लिए कुछ नहीं है। यूपी सरकार ने बड़े शहरों में 24 घंटे और गांवों में 18 घंटे बिजली देने का काम किया है। भाजपा के छोटे से लेकर बड़े नेता क्या करेंगे यह बताते क्यों नहीं है। उन्होंने कटियाबाज फिल्म के कलाकार लोहा सिंह को बुलाकर पूछा था कि बिजली आ रही है? उसने कहा, कानपुर में इतनी बिजली कभी नहीं मिली। कार्यक्रम में मंत्री राजेन्द्र चौधरी, शंखलाल माझी, कमाल अख्तर, समाज कल्याण विभाग के निदेशक सुरेन्द्र विक्रम और महकमे के कई अधिकारी मौजूद थे।
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देशभक्ति से जोड़कर रंग छोडऩे वाला नोट छापा
मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने सपा के बहुचर्चित कार्यकर्ता का उल्लेख करते हुए कहा कि उन्होंने पानी के कटोरे में दो हजार का नोट डुबा कर दिखाया, वह रंग छोड़ रहा था। सोचिए कैसा नोट छापा है? नोट का रंग छूटता रहा तो क्या होगा। भाजपा ने नोटबंदी को देशभक्ति से जोड़कर देश को उलझा दिया है। देश का कितना नुकसान हो गया। अर्थव्यवस्था को पीछे कर दिया है।
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वर्ष 2016-17 का लक्ष्य व आवंटित राशि
  वर्ग             लक्ष्य       आवंटित राशि
सामान्य वर्ग-     20625     41.25 करोड़
अन्य पिछड़ा वर्ग- 77000      154 करोड़़
अल्पसंख्यक -    41225       82.85 करोड़
अनुसूचित जाति-  60500      121 करोड़
जन जाति-         650       1.30 करोड़
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लखनऊ जिले का लक्ष्य 2016-17
 वर्ग               लक्ष्य       आवंटित राशि
सामान्य वर्ग-       200        40 लाख
अन्य पिछड़ा वर्ग-    1770      354 लाख
अल्पसंख्यक -        976       195.20 लाख
अनुसूचित जाति-     700       140 लाख
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इनका परिवार सहित सम्मान
-सीमा उर्फ खुशबू मिश्र (ब्राह्मïण) निवासी बख्शी का तालाब
-रूही (अल्पसंख्यक) निवासी मलिहाबाद
-पम्मी (पिछड़ा वर्ग) निवासी गोसाईगंज
-गीता (एससी) निवासी गोसाईंगंज
-समा खान (अल्पसंख्यक) निवासी मलिहाबाद
-राधा (पिछड़ा वर्ग) निवासी गोसाईंगंज
-रूपा (एससी) निवासी गोसाई गंज
-सना खान (अल्पसंख्यक) निवासी मलिहाबाद
-ज्योति (पिछड़ा वर्ग) निवासी गोसाईंगंज
-गुडिय़ा (एससी) निवासी गोसाईंगंज
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